टी20 वर्ल्ड कप 2026 के सुपर 8 में साउथ अफ्रीका की वेस्टइंडीज पर 9 विकेट से धमाकेदार जीत भारत के लिए बड़ी राहत लेकर आई है। अहमदाबाद में खेले गए मुकाबले में 177 रन का लक्ष्य प्रोटियाज़ ने सिर्फ 16.1 ओवर में हासिल कर लिया।
एडेन मार्करम ने 82 रन की कप्तानी पारी खेली, क्विंटन डी कॉक ने 47 रन जोड़े और रयान रिकेल्टन 45 रन बनाकर नाबाद लौटे। मुकाबला लगभग एकतरफा रहा।
क्यों राहत?
इस जीत के साथ साउथ अफ्रीका 4 अंकों के साथ ग्रुप में शीर्ष पर पहुंच गया है। वेस्टइंडीज 2 अंकों पर है, जबकि भारत अभी भी 0 अंक के साथ तीसरे स्थान पर है।
अब सबसे अहम बात यह है कि अगर भारत अपने दोनों बचे मुकाबले – जिम्बाब्वे और वेस्टइंडीज – जीत लेता है, तो वह 4 अंकों तक पहुंच जाएगा और सीधे सेमीफाइनल में जगह बना लेगा।
ऐसी स्थिति में नेट रन रेट की चिंता भी नहीं करनी होगी।
नया समीकरण
अगर भारत दोनों मैच जीतता है, तो उसके 4 अंक होंगे। साउथ अफ्रीका पहले ही 4 अंक पर है। ऐसे में भारत और साउथ अफ्रीका सेमीफाइनल में पहुंचेंगे।
अगर भारत जिम्बाब्वे से हार जाता है, तो मामला जटिल हो जाएगा। तब उसे वेस्टइंडीज को बड़े अंतर से हराना होगा और उम्मीद करनी होगी कि साउथ अफ्रीका जिम्बाब्वे को हरा दे। ऐसी स्थिति में तीन टीमें 2-2 अंक पर हो सकती हैं और फैसला नेट रन रेट से होगा।
अगर भारत वेस्टइंडीज से हार जाता है, तो सीधा बाहर।
और अगर जिम्बाब्वे दोनों मैच जीत लेता है, तो भारत का सफर यहीं खत्म हो जाएगा।
क्या बदला?
अगर साउथ अफ्रीका वेस्टइंडीज से हार जाता, तो भारत के लिए जिम्बाब्वे के खिलाफ मैच पूरी तरह डू-ऑर-डाई बन जाता।
अब स्थिति थोड़ी आसान हुई है। भारत के पास साफ रास्ता है – दो जीत और सीधा प्रवेश।
रणनीतिक फायदा
साउथ अफ्रीका की जीत ने ग्रुप का संतुलन बदल दिया है। अब भारत का भाग्य काफी हद तक उसके अपने प्रदर्शन पर निर्भर है।
चेन्नई और कोलकाता में दो जीत भारत को बिना किसी जटिल गणित के अंतिम चार में पहुंचा सकती हैं।
साउथ अफ्रीका की 9 विकेट की जीत ने भारत के लिए सेमीफाइनल का दरवाजा फिर से खोल दिया है।
अब संदेश साफ है – जीतो और आगे बढ़ो।
अगर टीम इंडिया दबाव में संयम और आक्रामकता का सही संतुलन बनाए रखती है, तो नेट रन रेट की जटिलता से बचते हुए सीधे सेमीफाइनल में पहुंच सकती है।
अब सब कुछ भारत के हाथ में है।
FAQs
SA ने WI को कितने विकेट से हराया?
9 विकेट से।
मार्करम ने कितने रन बनाए?
82 रन।
भारत को क्या करना होगा?
दोनों मैच जीतने होंगे।
क्या NRR जरूरी है?
दो जीत पर नहीं।
हार की स्थिति में क्या होगा?
NRR से फैसला हो सकता है।









